रुझानों में भाजपा पिछड़ी, कांग्रेस की युवा नेता एकता ठाकुर का नाम आगे
जबलपुर। गांव की सरकार यानि जिला पंचायत के लिए दो चरणों में हुई वोटिंग के बाद मिले रुझानों में भाजपा को झटका लगा है। जिला पंचायत की 17 सीटों में हार-जीत के गणित से कांग्रेस समर्थित प्रत्याशियों में 9 ने बाजी जीत ली है, वहीं भाजपा समर्थित 6 ग्रामीण नेताओं को आगे बताया जाता है। चुनाव के परिणाम 14 जुलाई को घोषित किए जाएंगे, लेकिन मतगणना के जो रुझान मिले उसमें 9 सदस्यों के बहुमत के साथ जिला पंचायत अध्यक्ष कांग्रेस का बनेगा। अध्यक्ष के लिए होने वाले राजनीति के बड़े खेल में निर्दलीय जीते दो सदस्यों पर भी दांव लगाया जाएगा। गैर दलीय यानि बिना पार्टियों के चुनाव चिन्ह पर हुए चुनाव खुल्लम-खुल्ला भाजपा-कांग्रेस की छाया में ही हुए। खास बात ये कि जिला पंचायत के 17 क्षेत्रों में 7 महिलाएं चुनकर आएंगी, इनमें से 4 कांग्रेस समर्थित हैं। बरगी विधायक संजय यादव ने कहा है कि कांग्रेस डंके की चोट पर जिला पंचायत अध्यक्ष बनाएगी।
छात्र राजनीति से युवा कांग्रेस की राष्ट्रीय सचिव हैं एकता
जिला पंचायत सदस्यों की मतगणना के रुझानों से उत्साहित कांग्रेस में नतीजों के पहले अध्यक्ष पद के लिए प्रत्याशी का चयन करने की कवायद चल रही है। पार्टी सूत्रों के मुताबिक एनएसयूआई में राष्ट्रीय सचिव रहीं एकता ठाकुर वर्तमान में युवा कांग्रेस की राष्ट्रीय सचिव हैं और पार्टी आलाकमान की पसंद हैं, उन्हें जिला पंचायत अध्यक्ष बनाने अभी से तैयारी चल रही है। चूंकि जिला पंचायत अध्यक्ष पद अनुसूचित जनजाति (मुक्त)के लिए आरक्षित है और एकता ठाकुर जिला पंचायत के क्षेत्र क्रमांक 8 से चुनाव जीत सकती हैं इसलिए कांग्रेस एकता पर ही दांव लगाएगी। विधायक संजय यादव ने कहा कि अभी तक के रुझान में कांग्रेस 10 सीटों पर जीत रही है इसलिए उपाध्यक्ष भी कांग्रेस समर्थित ही होगा। भाजपा के पक्ष में 6 सदस्यों की जीत सुनिश्चित बताई जा रही है और जिन दो प्रत्याशियों प्रदीप पटैल व राजेश खंगार को निर्दलीय माना जा रहा है, उन्हें अपने पाले में कर भाजपा बड़ा खेल कर सकती है, लेकिन संख्या बल जुटाने में यह दांव मुश्किल होगा, ऐसा माना जा रहा है।
खुड़पेंच न हो, कांग्रेस में बनी रहे एकता
कांग्रेस में इस उपलब्धि के पहले परंपरागत खुड़पेंच की खबरें है। बताया जाता है कि एकता ठाकुर की राह में कांटे बोने वालों ने उनकी जाति को लेकर सवाल उठाया है। इससे ऐसा कहा जा रहा है कि पार्टी में ही एकता न बनी रही तो भाजपा कोई खेल कर सकती है।
कांग्रेस दिग्गज धुव्रे व खिलाड़ी सिंह पराजित
कांग्रेस की ग्रामीण राजनीति के धुरंधर पूर्व विधायक व आदिवासी नेता नन्हेलाल धुव्रे व खिलाड़ी सिंह आर्मो मतगणना के रुझानों में पराजित बताए जाते हैं इसलिए कांग्रेस के पास एकता ठाकुर जैसी युवा नेता होने से अध्यक्ष पद के लिए अन्य विकल्प चुनने की राह नहीं है। वहीं भाजपा समर्थित और जिला भाजपा के पदाधिकारी संतोष बरकड़े ने नन्हेलाल धुव्रे को शिकस्त दी इसलिए अध्यक्ष पद के लिए संतोष का नाम ही आगे है।
कांग्रेस की महिला प्रत्याशियों ने बढ़त बनाई
कांग्रेस समर्थित महिला प्रत्याशियों ने पंचायत चुनाव अभियान में शुरू से ही बढ़त बनाए रखी। मतगणना के रुझानों के मुताबिक कांग्रेस की मुन्नी बाई (एसटी महिला), गायत्री गोंटिया(एसटी), निशा काछी(ओबीसी महिला),एकता ठाकुर (एसटी), अखिलेश नंदिनी पटैल(अनारक्षित महिला),विवेक पटैल(अनारक्षित मुक्त),इंद्र कुमार पटैल (अनारक्षित मुक्त), मनोहर सिंह (अनारक्षित मुक्त),रामकुमार सिंह (एसटी मुक्त) तथा भाजपा समर्थित सुनीता दाहिया(एससी), मोनू बघेल (अनारक्षित महिला), मनोहर साहू (अनारक्षित), संतोष बरकड़े (एसटी), सत्येंद्र सिंह (अनारक्षित मुक्त), विद्या सिंह (अनारक्षित महिल) मतगणना के रुझानों में आगे हैं। इनके अलावा प्रदीप पटैल (अनारक्षित मुक्त) व राजेश खंगार (एससी) की विजय सुनिश्चित बताई जा रही है।
