एयर इंडिया का विमान अनियंत्रित होकर रन-वे से उतर गया था
जबलपुर। 12 मार्च 2022 को दिल्ली से जबलपुर के डुमना एयरपोर्ट पहुंचे एयर इंडिया की फ्लाइट के रनवे से आगे निकल जाने वाले मामले में आरोपी दोनों पायलट को डीजीसीए ने डी-रोस्टर कर दिया है। सिविल एविएशन की गाइडलाइन के मुताबिक अब एक बार फिर इन दोनों पायलटों को नए सिरे से एक साल तक ट्रेनिंग लेना होगी। उसके बाद ही फिट पाए जाने पर इन्हें विमान उड़ाने की अनुमति मिल सकेगी।
संकट में पड़ गई थी यात्रियों की जान
मामला उस समय हादसे से मची हड़कम्प के बाद विमान लेकर आए दोनों पायलटों की जांच शुरू कर दिए जाने से जुड़ा है। इसमें डीजीसीए ने दोनों ही पायलटों को दोषी मानकर डी-रोस्टर कर दिया है। बता दें कि यहां जबलपुर एयरपोर्ट पर लैंडिंग के दौरान अनियंत्रित होकर रनवे पर आ गए विमान के कारण यात्रियों की जान पर संकट आ गया था। इसमें दिल्ली से 22 यात्रियों को लेकर आ रहा एयर इंडिया का विमान एटीआर 72 जबलपुर के डुमना एयरपोर्ट पर अनियंत्रित हो गया था। इस पर नियंत्रण करने के लिए पायलट ने आपातकालीन ब्रेक का इस्तेमाल किया। इससे विमान निर्धारित स्थल से करीब 30 मीटर आगे निकल गया और रनवे से नीचे उतर गया। इससे विमान का एक टायर भी क्षतिग्रस्त हो गया था। हालांकि घटना में किसी यात्री को कोई नुकसान नहीं हुआ, लेकिन नागरिक उड्डयन महानिदेशालय ने मामले की जांच के निर्देश दिए थे। जांच तक विमान एयरपोर्ट पर ही खड़ा रहा। जांच पूरी होने के बाद विमान को पूरी तरह जांच के बाद उड़ाने के लिए रवाना किया गया। डुमना एयरपोर्ट के प्रभारी निदेशक वी के सूरी ने बताया कि विमान रनवे पर अनियंत्रित होने की मामले में डीजीसीए स्तर पर जांच की गई है। रिपोर्ट भी संबंधित विमानन कंपनी को देकर कार्रवाई की गई है।
