प्रदेश कांग्रेस ने जिला कार्यालयों को वार रूम बनाने दिए निर्देश
जबलपुर। पंचायत चुनाव के साथ ही प्रदेश कांग्रेस कमेटी से मिले निर्देश अनुसार कांग्रेस की शहर व ग्रामीण इकाइयों ने चुनाव की तैयारी शुरू कर दी है। शहर में वार्ड आरक्षण प्रक्रिया पूरी होने के बाद आरक्षित वार्डो के मुताबिक प्रत्याशी चयन करने से लेकर चुनाव की गतिविधियां संचालित करने जिला कांग्रेस कार्यालयों को वार रूम बनाने कहा गया है। वहीं पीसीसी ने पार्टी टिकट के मापदंड तय करते हुए कहा कि प्रत्याशी चयन के लिए पहला क्राइटऐरिया होगा कट्टर कांग्रेसी, इसके बाद जीतने योग्या और जातीय समीकरण आदि के मापदंडों के अनुसार पार्टी टिकट फायनल की जाएगी।
संगठन चुनाव की गतिविधियां थमी,पार्टी कार्यकर्ता फिलहाल नहीं चाहते
कांग्रेस आलाकमान से फिलहाल संगठन चुनाव टालने संबंधी कोई निर्देश नहीं मिले हैं, लेकिन पंचायत व नगरीय निकाय चुनाव के लिए आरक्षण प्रक्रिया पूरी होने के बाद संगठन चुनाव की गतिविधियों थम गई हैं। चूंकि पार्टी ने पहले ही प्रत्याशी चयन की प्रारंभिक प्रक्रिया के बाद भी स्थानीय स्तर पर तय किए जाने वाले नामों पर अंतिम मुहर लगाने की बात कही है, इसलिए नगर एवं ग्रामीण इकाई के पदाधिकारियों से इसकी तैयारी करने निर्देशित किया गया है। प्रत्याशी चयन के लिए कट्टर कांग्रेसी को ही प्राथमिकता देने और जीतने योग्य चेहरों के पैनल बनाने की कार्रवाई जल्द ही शुरू की जाएगी। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ ने कहा है कि पार्टी के प्रति समर्पित कार्यकर्ता ही प्रत्याशी बनेगा।
पंचायत व नगरीय निकाय में महिलाओं को पर्याप्त महत्व
प्रत्याशी चयन के लिए जिला-शहर से लेकर प्रदेश कांग्रेस तक जिम्मेदारियां भी तय कर दी गई हैं। जारी निर्देश में कहा गया है कि पार्टी टिकट के लिए 50 प्रतिशत महिलाओं को महत्व देने के फामरूले पर काम किया जाए। जहां महिला के लिए वार्ड आरक्षित है उनमें सक्रिय कार्यकर्ताओं को ही टिकट दी जाए। जाए।
गुटीय राजनीति से दूर रहकर आमसहमति पर देंगे जोर
प्रदेश कांग्रेस कार्यालय को सभी 52 जिलों का कंट्रोल रूम बनाया जाएगा और जिले में पार्टी कार्यालय को वार रूम के रूप में सक्रिय रखा जाएगा, जहां से मुख्य कंट्रोल रूम को सारी गतिविधियों का फीडबैक दिया जाएगा। यहां से प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष व उनकी कोर टीम सभी जिलों पर नजर रखेगी। नगरीय निकाय चुनाव के लिए प्रत्याशी चयन में पार्टी पदाधिकारियों को आमसहमति बनाने पर जोर देने कहा गया है। पार्टी टिकट के लिए गुटीय राजनीति से अलग रहकर जीतने वाले प्रत्याशी का नाम तय करने कहा गया है।
प्रत्याशी चयन समिति के अध्यक्ष स्थानीय इकाई के अध्यक्ष ही रहेंगे
जिला कांग्रेस कार्यालय में कंट्रोल रूम बनाया जाएगा। पीसीसी में प्रदेश भर के 52 जिलों के 313 विकासखंड का कंट्रोल रूम होगा जहां से पीसीसी चीफ समेत उनकी टीम निगरानी करेगी। एक वरिष्ठ उपाध्यक्ष के नेतृत्व में पूरे प्रदेश की स्थिति पर नजर रखी जाएगी। कोशिश की जाएगी कि प्रत्याशियों के बीच आम सहमति बन जाए। जिला पंचायत अध्यक्ष के लिए कांग्रेस समिर्थत प्रत्याशियों को जिताने की कोशिश की जाएगी। प्रत्याशी का चयन और अच्छे परिणाम की जिम्मेदारी जिला अध्यक्षों एवं स्थानीय नेताओं को सौंपी गई है। प्रत्याशी चयन समिति की स्थानीय समिति के अध्यक्ष वहां के जिला अध्यक्ष ही रहेंगे और समिति में लोकसभा प्रत्याशी, विधायक व विधानसभा प्रत्याशी व नेता प्रतिपक्ष नगर निगम उसके सदस्य रहेंगे। जिला व संभाग में पीसीसी द्वारा नियुक्त प्रभारी समन्वय देखेंगे। सूत्रों ने बताया कि पार्टी टिकट के लिए प्रदेश कांग्रेस गोपनीय सव्रे करा रही है।
