जिला कोर कमेटी में सिंगल नाम और पैनल बनाने की कवायद
जबलपुर। भाजपा में पार्षद पद की टिकट हासिल करने मंडल से भोपाल तक जुगत लगा रहे दावेदारों की धड़कनें सोमवर को होने वाली जिला कोर कमेटी की बैठक ने बढ़ा दी है। दरअसल, दावेदारों को ये समझ नहीं आ रहा है कि जिला कोर कमेटी का निर्णय वजनदार होगा या संभागीय चयन समिति में जोर लगाने से दावा मजबूत होगा। सूत्रों के मुताबिक फायनल सूची जारी होने में दो दिन का वक्त लग सकता है।
बूथ विजय संकल्प में खुद का प्रचार करने जुटे दावेदार
भाजपा के प्रदेश नेतृत्व के निर्देश पर शुरू हुए बूथ विजय संकल्प अभियान में जल्द ही ठंडक आ गई। एक दिन ढोल-नगाड़े लेकर निकले कार्यकर्ताओं ने नेताओं की सुस्ती के बाद पार्टी की प्रचार सामग्री के साथ खुद का प्रचार करना जारी रखा है। पार्षद टिकट के दावेदारों ने मंडल अध्यक्षों की राय महत्वपूर्ण होने की लेट-लतीफ सूचना के बाद उनके भी चक्कर लगाना शुरू कर दिए। मेयर पद को लेकर चल रही तनातनी के बीच भाजपा पार्षद टिकट जल्द फायनल करेगी इसमें अभी कयास लगाए जा रहे हैं। पार्टी के स्थानीय संगठन सूत्रों ने बताया कि एक वार्ड से अधिक दावेदार होने के कारण आवेदनों की स्कूट्रनी और पार्टी के निर्देशानुसार तीन-तीन नामों के पैनल बनाने में खासी मशक्कत करना पड़ रही है, वहीं अभी तक नगर निगम के 79 वार्डो में 10 वार्ड भी ऐसे नहीं है जिनमें सिंगल नाम पर सहमति बनती दिख रही हो। इससे उलट भाजपा नेता अधिक दावेदार होने पर पार्टी की लोकप्रियता बता रहे हैं। बताया जाता है कि जिला कोर कमेटी की बैठक में जल्द ही पैनल बनाकर भोपाल भेजने की तैयारी है।
शिकवा-शिकायत करने वाले भी भाजपा में कम नहीं
अनारक्षित वार्ड हों या आरक्षित, सभी में पार्टी टिकट के लिए जमकर खींचतान मची है। बताया जाता है कि दावेदारी की होड़ में शिकवा-शिकायत करने वाले भी कम नहीं है। स्थानीय संगठन से लेकर भोपाल तक प्रतिद्वंदी की शिकायतें होने की खबर है जिसमें किसी ने विधानसभा चुनाव में काम न करने का आरोप लगाया है तो किसी ने वीडियो भेजकर प्रतिद्वंदी की शिकायत की है। शहरी क्षेत्र के दो विधानसभा क्षेत्र ऐसे हैं जिनमें कार्यकर्ताओं से टिकट के दावेदार की अपराधिक मामलों में या विवादित मामलों में वीडियो सहित शिकायत भेजी गई है।
