जबलपुर। राइट टाउन स्थित ऑफिस में पुलिस की रेड के बाद इंटरनेशनल सट्टा किंग सतीश सनपाल से उसके गुर्गो का खेल आईपीएल क्रिकेट के फाइनल मैच के पहले पुलिस ने बिगाड़ दिया। कुख्यात सटोरियों के सिंडिकेट पर पुलिस ने छापामार कार्रवाई करते हुए सोमवार को 2 ठिकानों से 30 लाख 46 हजार रुपए, लैपटाप, 6 मोबाइल, 11 चैक बुक, 2 पास बुक, 12 क्रेडिट/डेबिट कार्ड, आदि जब्त किए हैं। यहां सट्टा की बुकिंग व चुकारे की रकम गिनने रखी मशीन भी जब्त की गई। सट्टा प्रकरण में नामजद आरोपी सरगना सतीश सनपाल, दिलीप खत्री, आजम खान, अमित शर्मा और विवेक पांडे फरार हैं, इनकी गिरफ्तारी पुलिस के लिए चुनौती बनी है। सट्टा से अरबों रुपए की कमाई कर उसका उपयोग कहां और किसके नाम पर किया गया, इस बात की जानकारी इन्हीं 5 लोगों के पास है।
चावला रेस्टोरेंट व विवेक एजेंसी पुलिस ने की सील .
एएसपी गोपाल खांडेल ने इस हाइप्रोफाइल मामले का खुलासा करते हुए बताया कि एसपी सिद्धार्थ बहुगुणा को सूचना मिली थी कि सतीश सनपाल से ओपन वेब पर एक्सचेंज के माध्यम और फोन पर लाइन लेकर दिलीप खत्री सट्टा खिलवा रहा है। दिलीप खत्री एक्सचेंज सैट स्पोर्ट्स डॉट कॉम की मास्टर आईडी लेकर बुकियों और खिलाड़ियों को आईडी उपलब्ध करवाकर व फोन लाइन पर बुकियों और खिलाड़ियों को रेट बोलकर सट्टा खिलवा रहा है। आईडी का हिसाब किताब हर सप्ताह सोमवार को और फोन लाइन का हिसाब-किताब अगले दिन रसल चौक स्थित चावला रेस्टोरेंट और गोपाल आर्केड स्थित विवेक एजेन्सी से अपने पिता मुरली खत्री,भाई संजय खत्री, विवेक खत्रीऔर एक्वागार्ड एजेन्सी के मैनेजर के माध्यम से करवाता था, जिन्हें पुलिस ने सील कर दिया। सीएसपी कोतवाली दीपक मिश्र और टीआई कोतवाली अनिल गुप्ता की अगुवाई में टीम ने गोपाल आर्केड और सीएसपी ओमती आरडी भारद्वाज और टीआई ओमती शिवेश सिंह बघेल ने रसल चौक स्थित चावला रेस्टोरेंट में दबिश दी। गोपाल आर्केट में विवेक एजेन्सी में मैनेजर नितिन पांडे और एजेंसी में काम करने वाला उत्सव चौरसिया मिले। तलाशी लेने पर ऑफिस से 7 लाख 44 हजार रु पए, नोट गिनने की मशीन, 11 चैक बुक, 2 जमा पर्ची बुक, 2 पास बुक, 12 डेबिट/क्र ेडिट कार्ड हिसाब-किताब की डायरी, 1 लैपटाप, 4 मोबाइल और नितिन पाण्डे के 4 मोबाइलों में चैटिंग के माध्यम से लेन-देन का हिसाब मिला है।
दिलीप खत्री के पिता मुरली व भाई को पुलिस ने दबोचा
ओमती पुलिस ने चावला रेस्टोरेंट में दिलीप खत्री के पिता मुरली खत्री और भाई संजय खत्री को दबोचा। मुरली खत्री शहर का पुराना सटोरिया है जिसका कारोबार बेटे ने संभाल लिया। रेस्टोरेंट में नगद 23 लाख 2 हजार 990 रुपए, 3 चेक बुक, एक पास बुक, प्रापर्टी के पेपर, हिसाब-किताब की डायरी, 2 मोबाइल और मोबाइलों में चैटिंग के माध्यम से लेन-देन का हिसाब मिला है। दोनों स्थानों पर 30 लाख से अधिक की रकम मिलने के बाद एसपी सिद्धार्थ बहुगुणा ने आयकर विभाग के अधिकारियों से चर्चा की। इसके बाद आयकर विभाग की एक टीम भी मामले की अलग से जांच में जुटी है। दोनों प्रकरणों में कोतवाली व ओमती थाने में अलग-अलग एफआईआर दर्ज की गई है।