केबल जब्ती प्रकरण को खत्म करने मांगी थी रिश्वत
जबलपुर। मध्यप्रदेश पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के जूनियर इंजीनियर को ईओडब्ल्यू की टीम ने 15 हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथों दबोच लिया। नरसिंहपुर करकबेल में हुई ईओडब्ल्यू की कार्रवाई से क्षेत्र सहित विद्युत विभाग में घंटों हड़कंप मचा रहा। ईओडब्ल्यू की टीम ने जैसे ही जूनियर इंजीनियर को रिश्वत लेते हुए पकड़ा,वह अपनी सफाई देने लगा और लगातार एक ही रट लगाए था कि मैंने रिश्वत नहीं मांगी, मुङो फंसाया जा रहा है। ईओडब्ल्यू डीएसपी मनजीत सिंह ने बताया कि जगदीश सिंह राजपूत निवासी बरगी जिला नरसिंहपुर के खेत से विद्युत विभाग के कर्मचारियों ने अवैध रूप से लगाई गई केबल (डोरी) कुछ दिन पहले जब्त की थी। विभाग ने डोरी जब्त करते हुए जगदीश सिंह राजपूत पर प्रकरण बनाया था। जगदीश पर बने प्रकरण को समाप्त करने के लिए मध्यप्रदेश पूर्वी क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के करकबेल में पदस्थ कनिष्ठ यंत्री (जेई) वीरेंद्र सिंह चौहान ने 15 हजार रुपए की बतौर रिश्वत मांगी। जगदीश सिंह ने जेई द्वारा मांगी गई रिश्वत की शिकायत एसपी ईओडब्ल्यू देवेंद्र प्रताप सिंह राजपूत से की। एसपी के निर्देश पर टीम ने प्राथमिक पड़ताल करते हुए जेई वीरेंद्र सिंह चौहान को 15 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ पकड़ लिया। ट्रेप कार्रवाई में डीएसपी मनजीत सिंह, विवेचक इंस्पेक्टर शशिकला मस्कूले, स्वर्ण जीत सिंह धामी, प्रेरणा पांडेय, मोमेंद्र मर्सकोले एवं एसआई कीर्ति शुक्ला शामिल रहीं।
गढ़ा जबलपुर स्थित निवास में भी सर्चिग कार्रवाई
. बताया जाता है कि रिश्वत लेते पकड़े गए जूनियर इंजीनियर वीरेंद्र सिंह का गढ़ा जबलपुर में घर है। करकबेल स्थित कार्यालय सहित दस्तावेजों का परीक्षण करने के उपरांत ईओडब्ल्यू की टीम ने उसके निवास पर भी सर्चिग की कार्रवाई की।
