7 साल पहले सूअर टकराने के हादसे की याद ताजा
जबलपुर। डुमना एयरपोर्ट पर शनिवार दोपहर एयर इंडिया की फ्लाइट लैंड करते वक्त हुए हादसे की जांच डीजीसीएआई और एएआई की टीम ने शुरू कर दी है। प्रारंभिक तौर पर हादसे के कारणों की पड़ताल कर रनवे से उतरे विमान को हटा कर दोबारा एयर ट्रेफिक शुरू किए जाने की तैयारी है, इसी के चलते आज दोपहर तक की फ्लाइट्स कैंसल कर दी गई हैं। रनवे पर अचानक हुए हादसे में क्रू मेम्बर सहित 62 यात्री शामिल थे जो बाल-बाल बच गए। फिलहाल एयरपोर्ट सील कर दिया गया है।
सस्पेंड हो गया था डुमना एयरपोर्ट का लायसेंस
जांच के बिंदु में प्रमुख रूप से लैंडिंग निर्धारित स्थान पर हुई या नहीं, एयरक्राफ्ट को रोकने सही समय पर ब्रेक लगाया कि नहीं, एटीसी ने विमान को सही समय पर लैंडिंग की परमीशन दी या नहीं, रनवे पर ब्रेक सिस्टम सफल हुआ या नहीं, उड़ान से पहले ब्रेक सिस्टम की जांच हुई या नहीं? आदि शामिल हैं। एयरक्राफ्ट रनवे से कैसे उतर गया, उसका टायर मिट्टी में कैसे दब कर क्षतिग्रस्त हुआ इन सबकी जांच में अनेक तकनीक पहलू से पड़ताल की जा रही है। इस घटनाक्रम ने सात साल पहले डुमना एयरपोर्ट पर फ्लाइट लैंडिंग के समय सूअर टकराने की घटना याद दिला दी है। उस समय ग्यारह दिन तक एयरपोर्ट अथॉरिटी ने डुमना एयरपोर्ट बंद रखा था और लायसेंस भी सस्पेंड कर दिया गया था।
एक गल्ती मानी गई,कुछ मीटर दूर हुई थी लैंडिंग
सूत्रों के मुताबिक प्रारंभिक जांच में पता चला है कि विमान को जहां लैंड करना था, वहां से कुछ मीटर दूर लैंडिंग हुई। पायलट ने रनवे खत्म होता देख इमरजेंसी ब्रेक लगा दिए। इससे विमान फिसलकर टर्न होते हुए मिट्टी तक पहुंच गया। विमान के डुमना एयरपोर्ट पर पहुंचने पर एटीसी ने उसे क्लीयरेंस दिया था। पायलट ने विमान को रनवे पर उतारा, पर वह 10 मीटर दूर शूट हो गया। इससे निर्धारित जगह पर नहीं रु क पाया। गति नियंत्रित करने के लिए लगाए गए इमरजेंसी ब्रेक के कारण सभी पहिए लॉक पोजीशन में आ गए। विमान स्लिप होते हुए वहां लगी लाइट तोड़कर रनवे से नीचे उतरा। प्रारंभिक लापरवाही मिलने पर कॉकपिट को डिरोस्टर कर दिया गया है।