आने वाला बिल माफ होगा या किस महीने समायोजन होगा,यह स्पष्ट नहीं
जबलपुर। बिजली उपभोक्ताओं की रेट बढ़ने की चिंता के बीच राहत भरी खबर है कि सरकार ने 31 अगस्त तक के बिजली बिल माफ कर दिए हैं। इस संबंध में वे लोग चिंता कर रहे हैं जो समय पर बिल जमा कर चुके हैं, वहीं यह भी जानकारों से पूछ रहे हैं कि अगला बिल राशि एडजस्ट कर माफी वाला होगा या जमा राशि का समायोजन धीरे-धीरे होगा? कहा गया कि बिजली कंपनी की ओर से आदेश जारी किया जाएगा, इसके बाद मुख्यमंत्री शिवराज सिंह की विधानसभा में की गई घोषणा लागू हो जाएगी। आदेश कब से लागू होगा और किस महीने से बिलों का समायोजन किया जाएगा, यह अभी स्पष्ट नहीं है, लेकिन सीएम की घोषणा बड़ी राहत वाली मानी जा रही है। राज्य सरकार ने बताया कि प्रदेश के 88 लाख घरेलू उपभोक्ताओं का 6400 करोड़ रु पए बकाया है। अब यह राशि सरकार भरेगी।
अप्रेल से 31 अगस्त तक सरकार ने माना कोरोनाकाल
मुख्यमंत्री ने माना कि कोरोनाकाल में उद्योग-धंधे बंद थे। लोगों के पास आय का साधन नहीं था, इसलिए ये निर्णय लिया गया है। अब सवाल ये है कि जिन लोगों ने बिजली बिल जमा कर दिए हैं, उनका क्या होगा? तो इसमें जानकारों के मुताबिक ऐसे उपभोक्ता, जिनके पास 1 किलोवॉट तक का कनेक्शन है, उन्हें इस माफी का फायदा मिलेगा। प्रदेश में 1 करोड़ 20 लाख घरेलू उपभोक्ता हैं। इनमें से विशेष तौर पर करीब 88 लाख उपभोक्ताओं के अप्रैल 2020 से 31 अगस्त 2020 तक के बिजली बिल माफ किए जाएंगे। इसी अवधि को सरकार ने कोविड काल माना है। यदि आपने बिजली बिल जमा कर दिया है, तो भी मुख्यमंत्री की घोषणा का लाभ मिलेगा। इसके मुताबिक जमा राशि को आने वाले बिलों में एडजस्ट किया जाएगा। यानी आगामी महीने के बिजली बिल में ये राशि कम होकर आएगी। बिल की राशि ज्यादा है तो जब तक पूरी राशि एडजस्ट नहीं हो जाती, तब तक उसे आगामी दिनों तक आने वाले बिल में एडजस्ट किया जाएगा।
बिजली बिलों की वसूली में क्या थी ऊर्जा विभाग की नीति
बकाया बिलों की वसूली के लिए ऊर्जा विभाग ने जो नीति बनाई थी, उसके मुताबिक उपभोक्ता यदि बकाया बिजली बिल एकमुश्त जमा करते हैं, तो उन्हें 40 प्रतिशत तक राहत दी जाएगी। साथ ही, जो राशि बकाया थी, उस पर 2 प्रतिशत के हिसाब से लगने वाला सरचार्ज भी माफ कर दिया जाएगा। ऐसे उपभोक्ता जो एकमुश्त बकाया बिजली बिल जमा नहीं कर पा रहे, उन्हें 6 किस्तों में बिल जमा करने पर 25 प्रतिशत तक छूट दी जाएगी। इसके बाद कई उपभोक्ताओं ने बिल जमा कर दिए थे।