पीएम के भोपाल आगमन पर पूर्व सीएम ने लिखा खुला पत्र
भोपाल। भोपाल के जम्बूरी मैदान में हुए जनजातीय गौरव दिवस के आयोजन पर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ ने कहा कि इस आयोजन में सौ करोड़ से अधिक खर्च करने के बाद भी जनता और आदिवासी वर्ग बुरी तरह से निराश किया। आदिवासियों को इस आयोजन से बड़ी सौगात मिलने की उम्मीद थी, लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एक भी सौगात नहीं देकर गए। कमलनाथ ने कहा कि उम्मीद थी कि इस आयोजन में प्रधानमंत्री अपनी 7 साल की सरकार के दौरान आदिवासी वर्ग के हित में किए गए कार्यो और योजनाओं की बात करेंगे, लेकिन वे पूरी समय नृत्य, संगीत, टीकाकरण और कांग्रेस को कोसने में ही लगे रहे। उन्होंने पूर्व की सरकारों पर कई आरोप लगाए जबकि पूरा देश जानता है कि इंदिरा गांधी ने आदिवासियों के हित में कई कांतिकारी निर्णय लिए, आदिवासियों के उत्थान और कल्याण की कई योजनाएं लागू की। इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भोपाल आने पर कमलनाथ ने खुला पत्र लिखकर प्रदेश सरकार पर जमकर आरोप लगाए। उन्होंने अपने पत्र में प्रदेश सरकार पर कई सवाल दागे हैं। इस पत्र के जरिए उन्होंने किसानों की आत्महत्या, बेरोजगारी, भ्रष्टाचार, अवैध उत्खनन, महिलाओं पर अत्याचार, आदिवासी उत्पीड़न जैसे कई मुद्दे उठाए लिखा है कि इन मामलों में प्रदेश देश के शीर्ष राज्यों में शामिल है। कमलनाथ ने अपने खुले पत्र में लिखा कि हाल ही की एनसीआरबी की रिपोर्ट में मध्य प्रदेश बाल अपराधों में देश में शीर्ष पर आया है और बच्चों की सुरक्षा के मामले में देश का सबसे असुरक्षित राज्य माना गया है। नाथ ने अपने खुले पत्र में यह भी लिखा कि गरीबी और बेरोजगारी के कारण आत्महत्या करने वालों में मध्य प्रदेश का स्थान देश में तीसरे नंबर पर है।