आदेश में कहा-लेट लतीफी और समय पर सूचना न देना सेवा में कमी मानी जाएगी
जबलपुर। एयर क्राफ्ट कम्पनियों की मनमानी से त्रस्त फ्लायर्स को राहत देते हुए जिला उपभोक्ता फोरम ने लापरवाही और फ्लायर्स को सताने वाली स्पाइस जेट प्राइवेट लिमिटेड कम्पनी पर 67 हजार 74 रुपए का जुर्माना ठोक दिया। मामला न्यूयार्क में पदस्थ आर्किटेक्ट को हुए नुकसान से जुड़ा है। इसमें स्पाइसजेट की लापरवाही के कारण यात्री अगली फ्लाइट नहीं पकड़ पाया और उसका खासा नुकसान हो गया। इस पर उपभोक्ता फोरम ने स्पष्ट रूप से कहा कि लेट लतीफी और समय पर सूचना नहीं देना यह सब सेवा में कमी के अंतर्गत आएगा इसका खामियाजा स्पाइसजेट को भुगतना पड़ेगा। फोरम ने स्पाइस जेट को आदेश दिया कि वह जुर्माना की राशि के साथ परिवादी को हुई मानसिक प्रताड़ना के लिए 30 हजार व वाद व्यय के लिए 5 हजार रु पए की राशि 2 माह के अंदर अलग से अदा करे।
फ्लाइट के देरी से नहीं पहुंच सका न्यूयार्क
संजीवनी नगर निवासी नीरजा श्रीवास्तव ने जिला उपभोक्ता फोरम में स्पाइसजेट के खिलाफ मामला दायर किया था। यहां 2 नम्बर बैंच में हुई सुनवाई के दौरान अध्यक्ष केके त्रिपाठी और सदस्य योमेश अग्रवाल तथा अर्चना शुक्ला ने स्पाइसजेट कम्पनी पर जुर्माना ठोका है। नीरजा श्रीवास्तव का आरोप है कि उनका बेटा अभिजीत न्यूयॉर्क में आर्किटेक्चर है। वह मई 2015 में दिल्ली से भोपाल होते हुए जबलपुर आया था। अभिजीत की वापसी जून 2015 की टिकट फाइनल थी इसके लिए एयर इंडिया की फ्लाइट नम्बर 191 में रात डेढ़ बजे से बुकिंग थी। मुंबई से फ्लाइट पकड़ने के लिए अभिजीत ने जबलपुर से दिल्ली होते हुए मुंबई जाने वाली जेट एसजी 2454 का टिकट कराया था जो 1 जून को 16:35 पर जबलपुर से रवाना होना थी, लेकिन फ्लाइट की देरी से दिल्ली से मुंबई जाने वाली फ्लाइट निकल गई। इस कारण वह समय पर न्यूयार्क नहीं पहुंच पाया। इससे पहले भी स्पाइस जेट के यात्रियों का लगेज लगातार 3 बार छूट गया और फ्लाइट बेंगलुरू पहुंच गई थी।
