डिफाल्टर किसानों का ब्याज भरेगी सरकार, विधायक निधि होगी 3 करोड़ रुपए
भोपाल। प्रदेश के बिजली उपभोक्ताओं और किसानों के लिए मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सदन में बड़ी घोषणा की है। विधानसभा में राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा के बाद सोमवार को सदन में सीएम चौहान ने घोषणा की, कोरोना काल के बिजली के बिल माफ कर दिए जाएंगे। यानि उपभोक्ताओं से बिजली बिल की वसूली नहीं की जाएगी। इसका लाभ 88 लाख घरेलू बिजली उपभोक्ताओं को मिलेगा जिनका 6000 करोड़ रुपए का बकाया बिल माफ कर दिया गया है। 48 लाख उपभोक्ताओं के 189 करोड़ रुपए भी एडजस्ट कर दिये जाएंगे। सरकार की घोषणा का लाभ प्रदेश के सभी बिजली उपभोक्ताओं को मिलेगा, जिन्होंने बिल जमा करा दिए थे उनका पैसा आगे के बिलों में एडजेस्ट कर दिया जाएगा। जिन उपभोक्ताओं ने समाधान योजना के तहत बिजली बिल जमा किए थे उनके पैसे अगले बिल में एडजस्ट कर दिए जाएंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि विधायक निधि बढ़ाकर दो से तीन करोड़ रुपए कर दी जाएगी। उसमें भी 50 लाख रुपए स्वेच्छानुदान की राशि कर दी जाएगी। जाओ अपने अपने क्षेत्र में रंग खेलो, गुलाल खेलो, गैर निकालो, जुलूस निकालो और जनता के साथ उत्साह से आत्मनिर्भर मध्यप्रदेश बनाने आगे बढ़ जाओ। उन्होंने कहा कि मंडला मेडिकल कॉलेज का नाम राजा हृदयशाह के नाम पर, महिला पॉलीटेक्निक कॉलेज का नाम रानी फूलकुंवर के नाम पर, इंदौर के भंवरकुंआ का नाम टंट्या मामा के नाम पर और छिंदवाड़ा विश्वविद्यालय का नाम राजा शंकरशाह के नाम पर करने का काम किया तो इस भारतीय जनता पार्टी की सरकार ने किया है। राज्य सरकार ने संत रविदास महाराज की जयंती को धूमधाम से मनाने का फैसला किया था और हर पंचायत में संत रविदास जी की जयंती मनाने का काम किया है।