आयोग पहले खारिज कर चुका, अब फिर 8.71 प्रतिशत बढ़ाने की तैयारी
भोपाल। प्रदेश में उपभोक्ताओं को बिजली का बिल झटका मारेगा, यानि बिजली का रेट बढ़ाने की तैयारी हो रही है। बिजली कंपनियों ने पहले खारिज हो चुकी याचिका में कुछ फेरबदल कर मप्र विद्युत नियामक आयोग के समक्ष याचिका पेश की है। बताया जाता है कि बिजली की दरों को वित्तीय वर्ष 2022-23 में 8.71 प्रतिशत बढाने याचिका पेश की गई है।
9 फरवरी को होगी प्रारंभिक सुनवाई
मप्र नियामक आयोग द्वारा पुरानी याचिका लौटाने के बाद मप्र विद्युत वितरण कंपनियों की होल्डिंग कंपनी मप्र पावर मैनेजमेंट कंपनी ने पुरानी याचिका को नया बता कर पेश किया है। इस याचिका में भी 3915 करोड़ रु पए की अतिरिक्त जरूरत की पूर्ति के लिए बिजली दरों में 8.71 प्रतिशत की बढोत्तरी का प्रस्ताव पेश किया है। नियामक आयोग 9 फरवरी को मामले की प्रारंभिक सुनवाई करेगा। इसके बाद याचिका का प्रकाशन कर दावा-आपित्तयां आमंत्रित की जाएंगी।
ऋटि का हवाला देकर याचिका वापस की थी
बिजली कंपिनयों की ओर से दिसंबर में 2022-23 के लिए याचिका लगाई गई थी। पर मप्र विद्युत नियामक आयोग ने नियमों में ऋटि का हवाला देते हुए याचिका वापस करते हुए नए सिरे से पेश करने का निर्देश दिया था। दरअसल,याचिका में विद्युत अधिनियम 2021 के ड्राफ्ट के अधीन तैयार किया गया था। जबकि याचिका दायर करने के बाद अधिनियम लागू हो चुका था। याचिका में इसका उल्लेख नहीं किया गया था। जिसे हाईकोर्ट में चुनौती देने की तैयारी कुछ लोगों ने कर ली थी। इसे देखते हुए नियामक आयोग को कदम खींचने पड़े थे।
