सभी के दस्तावेज बनाये जाएंगे
मुलाकात के दौरान कलेक्टर ने दस्तावेजों के बारे में भी जानकारी ली। किसी भी माता पिता ने दस्तावेजांे के बारे में नहीं बताया। कलेक्टर ने पुनः एक सप्ताह में सघन सर्वे कराने और दस्तावेज बनाने के निर्देश दिए। नवग्रह मंदिर और रहिमपुरा में मुलाकात के समय दो गर्भवती माताओं से बच्चों की जानकारी ली। उनके पूर्व से ही 3 व 4 बच्चें है। ऐसी स्थिति के बाद कलेक्टर न मौके पर मौजूद सीएमएचओ डॉ. डीएस चौहान को निर्देश दिए परिवार नियोजन के लिए दल भेजे और उन्हें वाहन से ले जाये और छोड़ने भी आये।
बच्चों व परिजनों के लिए स्वास्थ्य शिविर आयोजित होगा
कलेक्टर श्रीमती अनुग्रहा पी ने निर्देश दिए कि एक सप्ताह में सर्वे के बाद बच्चों और माता पिता के लिए स्वास्थ्य शिविर का आयोजन करें। रिहैबिलिटेशन करने पर जोर देते हुए सीएमओ श्रीमती प्रियंका पटेल को कहा कि सफाईकर्मी या इनकी योग्यता व स्वीकृति के अनुसार रोजगार से जोड़े। साथ ही डॉक्यूमेंट बनाने के बाद उनकी खाद्यान पर्ची बनाई जाएगी। साथ ही महिला बाल विकास विभाग निजी स्पांसरशिप में रजिस्ट्रेशन करने के बाद प्रति माह 2 हजार रुपये के स्थान पर आवश्यकता अनुरूप सामग्री प्रदान की जाएगी। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा कराएं गए सर्वे में जिलेभर में 12 स्ट्रीट चिल्ड्रन और नपा के सर्वे में खरगोन शहर में 15 ऐसे बच्चें चिन्हांकित किए गए हैं। इसलिए पूनः महिला एवं बाल विकास द्वारा सघन सर्वे होगा।
