खरगोन 15 फरवरी 2022। राज्य शासन की अनुशंसा पर केन्द्र सरकार द्वारा जिले में क्षय
उन्मूलन कार्यक्रम की
उपलब्धियों को दृष्टिगत रखते हुए जिले का चयन सब नेशनल सर्टिफिकेशन (बान्ज
मेडल)
के लिए किया है। केन्द्र
सरकार
द्वारा मप्र के 9 जिलों को सर्वे के लिए नामांकित किया है। जिसमें खरगोन जिला में
शामिल है। यह सर्वे गत दिवस
सोमवार को सर्वे दल प्रशिक्षण लीडर एवं विश्व स्वास्थ्य संगठन के सलाहकार डॉ. संकल्प
चौधरी, राज्य टीम के सदस्य डॉ.
संतोष सोलंकी, श्री आशीष चावन, श्री बिनोय एवं आईपीएसएम टीम मेडिकल कॉलेज
खण्डवा
द्वारा किया गया। केन्द्र
सरकार द्वारा जिले के 15 ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों का चयनित किया है।
सर्वे का शुभारंभ कलेक्टर श्रीमती अनुग्रहा पी. ने मंगलवार को नवीन कलेक्ट्रेट भवन से
सर्वे रथ हरी झंडी दिखाकर रवाना
किया गया। इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. डीएम
चौहान, जिला
क्षय अधिकारी डॉ. आफताब
लोदी, जिला कार्यक्रम प्रबंधक एनएचएम श्री मनीष भद्रावले, जिला कार्यक्रम समन्वयक श्री
विजय ठक्कर एवं क्षय उन्मूलन
के जिला एवं ब्लॉक स्तर के कर्मचारी उपस्थित रहे।
जिला क्षय अधिकारी डॉ. लोदी ने बताया कि जिले में 9 टीबी यूनिट (ब्लॉक अनुसार),
24 मॉइक्रोस्कोपी सेन्टर, 2 सीबीनॉट
साईड, 3 टु्रनॉट साईट पर निशुल्क टीबी की जांच की सुविधा उपलब्ध रहेगी। शासन
द्वारा
अप्रैल 2018 से पंजीकृत क्षय
रोगियों को न्यूट्रेशन सपोर्ट के लिए 500 रूपये प्रतिमाह की राशि सीधे डीबीटी के माध्यम
से मरीज के बैंक खाते में प्रदाय
की जा रही है। वहीं राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन के लिए भारत सरकार द्वारा 2025 में देश को
क्षय मुक्त करने का लक्ष्य
निर्धाथ्रत किया है। जिसकी प्राप्ति के लिए जन भागीदारी एवं गैर सरकारी संस्थाएं, निजी
चिकित्सालय एवं चिकित्सक
आदि
से इस कार्यक्रम में अधिक से अधिक सहयोग अपेक्षित है।
सीएमएचओ डॉ. डीएस चौहान ने बताया कि यदि किसी भी व्यक्ति को दो सप्ताह से या
अधिक खॉसी या बुखार, खखार
में
खून आना, वजन कम होना, कम भूख लगना, रात के समय ठण्ड पसीना आना इत्यादि में
से कोई भी एक या एक से
अधिक लक्षण होने पर उन्हें निकटतम स्वास्थ्य केन्द्र में जाकर खखार/बलगम की जांच
अवश्य कराना चाहिए। जांच एवं
उपचार सुविधा निशुल्क उपलब्ध है।
