जबलपुर। पाटन के सरकारी आयुष क्लीनिक में पदस्थ 32 वर्षीय डॉ कीर्ती जैन ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। डॉ कीर्ति के पति डॉ स्वपनिल जैन का विजय नगर में निजी क्लीनिक है और वह भाजपा के चिकित्सा प्रकोष्ट का पदाधिकारी बताया जाता है। डॉ कीर्ति के परिजनों ने आत्महत्या कांड के पीछे उसके पति का चरित्र बताया, जिससे परेशान होकर उसने आत्मघाती कदम उठाया। पुलिस के मुताबिक स्वास्थ्य विभाग ने मंगलवार को आयुष चिकित्सक की कोरोना में टेलीमेडिसिन में ड्यूटी लगाई थी, लेकिन वे नहीं पहुंची। उधर, उनके पति डॉ स्वपनिल जैन बच्चों के साथ विजय नगर स्थित निजी क्लीनिक गए थे। उन्होने कुछ सामान लाने अपने क्लीनिक के कर्मचारी को ग्रीन सिटी स्थित निवास भेजा तब घर की कॉल बेल बजाने पर कोई आवाज नहीं आई। कर्मचारी ने डॉ स्वपनिल जैन को फोन कर बताया कि दरवाजा अंदर से बंद है, कोई सुन नहीं रहा। तभी उन्होने किसी तरह अंदर जाकर देखने कहा। उसने देखा कि कमरे में डॉ कीर्ति जैन फांसी के फंदे पर झूल रहीं हैं।
रिश्ते की जीजा ने बताई करतूत
पुलिस के मुताबिक शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजने के बाद परिजनों से पूछताछ करते हुए डॉ कीर्ति जैन के भोपाल स्थित मायके में सूचना दी गई। उनके रिश्ते के जीजा ने बताया कि डॉ स्वपनिल जैन के कई लड़कियों से अवैध संबंध हैं और यह जानकारी डॉ कीर्ति को मिल गई थी। इसी से परेशान होकर उसने मौत को गले लगाया। पुलिस मामले की पड़ताल कर रही है।