जबलपुर । रांझी थाना क्षेत्र में शोहदों की छेड़छाड़ से परेशान 11वीं कक्षा की छात्र ने खुद को आग लगा ली,जिसे 90 प्रतिशत जली हालत में अस्पताल ले जाया गया। छात्र ने आग लगाने से पहले सुसाइड नोट लिखा जिसमें अनुराग चौधरी, वरुण, आशा, तन्वी केवट व ममता केवट को दोषी ठहराया है। छात्र ने लिखा कि इन लोगों ने मेरी जिंदगी बर्बाद कर दी और पुलिस ने भी मेरी शिकायत नहीं सुनी। छात्र ने पिता को संबोधित कर लिखा कि पापा मुङो माफ कर देना। इससे पहले भी छात्र ने ट्रेन के सामने कूदकर जान देने का प्रयास किया था। उसकी बहनों का कहना है कि पुलिस ने शिकायत आवेदन लेकर कोई कार्रवाई नहीं की। रांझी पुलिस का कहना है कि 4 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है और मुख्य आरोपी अनुराग चौधरी की तलाश की जा रही है।
सुसाइड नोट में पुलिस पर उठाए सवाल.............
छात्र ने सुसाइड नोट में पुलिस की लापरवाही पर सवाल उठाए हैं। उसने लिखा है कि रांझी थाना में उसने आरोपियों के खिलाफ शिकायत की थी, लेकिन पुलिस ने शिकायत आवेदन पर कोई कार्रवाई नहीं की। सोमवार को अनुराग और वरु ण ने घर आकर धमकी दी थी। इसकी शिकायत छात्र ने दो अन्य बहनों के साथ रांझी थाने में की थी। पीड़िता की बड़ी बहन ने बताया कि थाने में पुलिसकर्मियों ने कहा कि तुम लोग घर जाओ, पुलिस घर पहुंचेगी तब आरोपी थाने के बाहर ही खड़े होकर धमका रहे थे।
छत पर जाकर खुद पर डाला कैरोसिन..............
मस्ताना चौक रांझी निवासी छात्र के पिता ऑटो रिक्शा ड्राइवर हैं। चार बहनों में वह सबसे छोटी है। सुबह पिता जब ऑटो लेकर निकल गए उसके बाद मंगलवार की दोपहर में छात्र ने छत पर जाकर खुद पर केरोसिन डालकर आग लगा ली। चीख सुनकर बहनों ने पड़ोसियों की मदद से बचाने की कोशिश की, तब तक वह बुरी तरह झुलस चुकी थी। छात्र को तत्काल विक्टोरिया अस्पताल ले जाया गया जहां से उसे मेडिकल कॉलेज अस्पताल रेफर कर दिया गया। चिकित्सकों के मुताबिक उसकी हालत गंभीर है। बताया जाता है कि मौके पर एएसपी संजय अग्रवाल ने लोगों से पूछताछ की और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए थाना पुलिस को फटकार लगाई।